Published on: 27 Sep 2026
*अक्टूबर के मध्य में नकद पुरस्कारों के साथ क्विज़ प्रतियोगिता।*
*अंतर्राष्ट्रीय सम्मेलन का होगा इस वर्ष आयोजन।*
*विश्वविद्यालय की पीठों में शोध को बढ़ावा देने के लिए आवंटित की गई है एक अतिरिक्त पी०एच०डी० सीट: प्रो. असीम मिगलानी।*
*महाराजा अग्रसेन के नाम से संचालित प्रमुख संस्थानों व अस्पतालों के साथ समझौता ज्ञापन (MoU) हस्ताक्षरित करने की बनी योजना।*
इंदिरा गांधी विश्वविद्यालय, मीरपुर रेवाड़ी और हरियाणा प्रदेश वैश्य महासम्मेलन के बीच हस्ताक्षरित समझौते (MoU) के तहत गठित सलाहकार समिति की एक महत्वपूर्ण बैठक विश्वविद्यालय के सरदार पटेल भवन स्थित बोर्ड रूम में कुलपति प्रो. असीम मिगलानी की अध्यक्षता में सफलतापूर्वक आयोजित की गई। बैठक के दौरान पीठ के अंतर्गत आयोजित होने वाली आगामी अकादमिक व सामाजिक गतिविधियों, विकास कार्यों एवं भावी योजनाओं पर विस्तार से चर्चा की गई और कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए।
बैठक की अध्यक्षता करते हुए कुलपति प्रो. असीम मिगलानी ने कहा कि महाराजा अग्रसेन के सिद्धांत और विचार समाज को एकजुट करने और अंत्योदय की भावना को साकार करने के मार्गदर्शक हैं। विश्वविद्यालय महाराजा अग्रसेन पीठ के माध्यम से उनके जीवन दर्शन एवं शिक्षाओं को युवाओं और समाज के हर वर्ग तक पहुँचाने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। कुलपति ने विशेष रूप से उल्लेख किया कि हाल ही में कार्यपरिषद (EC) की बैठक में विश्वविद्यालय की पीठों के अंतर्गत शोध और अकादमिक गतिविधियों को पंख देने के उद्देश्य से एक अतिरिक्त पी०एच०डी० सीट आवंटित करने का ऐतिहासिक निर्णय लिया गया है। इस निर्णय से शोधार्थियों को महाराजा अग्रसेन के जीवन दर्शन, समाजवाद और आर्थिक विचारों पर वृहद स्तर पर शोध करने का बेहतर अवसर मिलेगा। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि हरियाणा प्रदेश वैश्य महासम्मेलन के सहयोग से चलाई जा रही यह पहल अकादमिक और सामाजिक दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण सिद्ध होगी।
बैठक के दौरान कुलसचिव प्रो. दिलबाग सिंह ने अपने विचार व्यक्त करते हुए कहा कि विश्वविद्यालय प्रशासन पीठ की सभी स्वीकृत गतिविधियों और परियोजनाओं को समयबद्ध एवं सुचारू रूप से पूरा करने के लिए हर संभव प्रशासनिक व तकनीकी सहयोग प्रदान करेगा। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय अकादमिक गुणवत्ता के साथ-साथ समाज के नैतिक व सांस्कृतिक मूल्यों के संवर्धन के लिए भी निरंतर प्रयासरत है। हरियाणा प्रदेश वैश्य महासम्मेलन के अध्यक्ष श्री राजीव जैन जी ने कहा कि देशभर के पुस्तकालयों में महाराजा अग्रसेन के विचारों पर आधारित पुस्तकों का वितरण करेंगे जो राष्ट्रीय निर्देशिका का निर्माण शोधकर्ताओं व विद्यार्थियों के लिए ज्ञान का नया मार्ग प्रशस्त करेगा। विश्वविद्यालय में हर रिसर्च पीठ से संबंधित पुस्तकों को विश्वविद्यालय लाइब्रेरी में अलग विशेष स्थान दिया जाएगा। उन्होंने आगे कहा कि महासम्मेलन युवाओं में महाराजा अग्रसेन जी के उच्च आदर्शों, समाजवाद और नैतिक मूल्यों के प्रसार के लिए प्रतिबद्ध है तथा विश्वविद्यालय के साथ मिलकर इस दिशा में निरंतर कार्य करता रहेगा।
कुलपति एवं कुलसचिव के संबोधन के उपरांत महाराजा अग्रसेन पीठ की प्रभारी एवं सदस्य सचिव डॉ. ममता ने बैठक की कार्यसूची (एजेंडा) को विस्तार से पढ़कर उपस्थित सदस्यों के समक्ष प्रस्तुत किया तथा पीठ की आगामी कार्ययोजना का विवरण साझा किया।
बैठक में निर्णय लिया गया कि आगामी अक्टूबर माह के मध्य में भव्य स्तर पर महाराजा अग्रसेन जयंती का आयोजन किया जाएगा, जिसके अंतर्गत विद्यार्थियों के लिए नकद पुरस्कारों वाली प्रश्नोत्तरी (क्विज़) प्रतियोगिता आयोजित की जाएगी। इसके साथ ही इस वर्ष महाराजा अग्रसेन के विचारों पर एक अंतर्राष्ट्रीय सम्मेलन (International Conference) आयोजित करने की रूपरेखा पर भी सर्वसम्मति बनी जिसका खर्च विश्वविद्यालय एवं हरियाणा प्रदेश वेश महासम्मेलन मिलकर करेंगे। समाज सेवा के क्षेत्र को विस्तार देते हुए महाराजा अग्रसेन के नाम से देशभर में संचालित प्रमुख शैक्षणिक संस्थानों, अस्पतालों और सामाजिक संगठनों के साथ परस्पर सहयोग हेतु समझौता ज्ञापन (MoU) हस्ताक्षरित करने तथा उनकी एक विस्तृत राष्ट्रीय निर्देशिका (Directory) तैयार करने की योजना बनाई गई। इसके अतिरिक्त 'महाराजा अग्रसेन की शिक्षाएं और दर्शन' विषय पर आधारित पुस्तकों को देशभर के विश्वविद्यालयों व कॉलेजों के पुस्तकालयों में वितरित करने एवं पीठ के वार्षिक बजट को समिति द्वारा सर्वसम्मति से मंजूरी प्रदान की गई।
*निर्माणाधीन यज्ञशाला का किया निरीक्षण:*
बैठक के समापन के उपरांत कुलपति प्रो. असीम मिगलानी, कुलसचिव प्रो. दिलबाग सिंह तथा सलाहकार समिति के सभी सदस्यों ने परिसर में निर्माणाधीन महाराजा अग्रसेन यज्ञशाला का स्थल निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान निर्माण कार्य की प्रगति पर संतोष व्यक्त किया गया और बताया गया कि यह भव्य यज्ञशाला आगामी जनवरी माह तक बनकर लगभग तैयार हो जाएगी।
इस अवसर पर अधिष्ठाता अकादमिक मामले प्रो. सुनील कुमार, वाणिज्य विभाग से प्रो. दीपक गुप्ता, वैश्य महासम्मेलन के सचिव श्री दुर्गा दत्त गोयल, श्री अशोक सोमानी, श्री ब्रिज लाल गोयल तथा श्री रिपु दमन गुप्ता विशेष रूप से उपस्थित रहे।